दुर्ग : न्यूज़ 36 : दुर्ग जिले के पुलगांव थाना पुलिस ने जमीन बेचने के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोप में एक दंपती के खिलाफ अपराध दर्ज कर विवेचना शुरु कर दी है। आरोप है कि जमीन का सौदा करने के बाद भी रजिस्ट्री नहीं कराई गई, जबकि पीड़िता से करीब 8 लाख रुपये ले लिए गए। बाद में पता चला कि संबंधित जमीन किसी अन्य व्यक्ति के नाम रजिस्टर्ड हो चुकी है।
पुलिस के अनुसार, आर्य नगर कोहका भिलाई निवासी संतोषी नेताम (31 वर्ष) ने शिकायत दर्ज कराई कि उसकी पहचान प्रदीप चतुर्वेदी के माध्यम से नोकेश देशमुख और उसकी पत्नी नेहा देशमुख, निवासी दामोदा (बोरई), चौकी नगपुरा, थाना पुलगांव से हुई थी।
शिकायत में बताया गया कि ग्राम अंजोरा स्थित खसरा नंबर 615/10, प्लॉट नंबर-8 की 1240 वर्गफुट भूमि का सौदा 5.50 लाख रुपये में तय हुआ था। इस दौरान पीड़िता ने ऑनलाइन ट्रांजेक्शन और नगद मिलाकर 5.20 लाख रुपये दिए। बाद में आरोपियों ने व्यवसायिक आवश्यकता बताकर उधार के नाम पर पीड़िता की मां श्यामवती जंघेल से भी 2.80 लाख रुपये एनईएफटी के माध्यम से ले लिए।
भुईंया ऐप से खुला धोखाधड़ी का राज
पीड़िता ने जब जमीन की रजिस्ट्री नहीं होने पर ऑनलाइन भुईंया ऐप में जानकारी ली, तो पता चला कि संबंधित जमीन 23 जून 2026 को पहले ही थनोंद निवासी मनीषा देवांगन के नाम रजिस्टर्ड की जा चुकी है।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने इसी जमीन का सौदा कर दीपक कुमार चौबे, दुर्गा शर्मा और दिनेश कुमार पाण्डे से भी ब्याना राशि लेकर धोखाधड़ी की है।
बीएनएस की धाराओं में अपराध दर्ज
पुलगांव थाना पुलिस ने प्रथम दृष्टया मामला सही पाए जाने पर आरोपी नोकेश देशमुख और नेहा देशमुख के विरुद्ध अपराध क्रमांक 624/2026 के तहत धारा 318(4) एवं 3(5) भारतीय न्याय संहिता (BNS) में मामला दर्ज कर विवेचना शुरु कर दी है।
पुलिस अब वित्तीय लेन-देन, दस्तावेजों और अन्य संभावित पीड़ितों की जानकारी जुटाकर मामले की विस्तृत जांच कर रही है।
