वीडियो कॉल के जरिए की 7 लाख की साइबर ठगी, सुपेला थाना में मामला दर्ज
भिलाई : न्यूज़ 36 : जिले में साइबर ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां “डिजिटल अरेस्ट” के नाम पर एक बुजुर्ग महिला से 7 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। इस ठगी की घटना को अंजाम मुंबई क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर बनकर दिया गया। मामले में थाना सुपेला पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सुपेला पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार आर्य नगर कोहका निवासी 62 वर्षीय निर्मला चौबे को 13 मार्च 2026 को एक वीडियो कॉल आया, जिसमें 5-7 लोग पुलिस की वर्दी में दिखाई दिए। कॉल करने वाले ने खुद को मुंबई क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर “संदीप राव” बत्ताया और महिला पर अवैध लेनदेन का आरोप लगाते हुए ‘डिजिटल अरेस्ट” करने की धमकी दी।
आरोपियों ने महिला को लगातार डराते हुए फर्जी दस्तावेज, एफआईआर और सुप्रीम कोर्ट के आदेश जैसे कागजात व्हाट्सएप पर भेजे और किसी को जानकारी देने पर जेल भेजने की धमकी दी। भयभीत होकर महिला ने 16 और 17 मार्च के बीच अलग-अलग खातों में कुल 7 लाख रुपये RTGS के माध्यम से ट्रांसफर कर दिए।
ठगों ने महिला को यह भी भरोसा दिलाया कि जांच पूरी होने के बाद 15 अप्रैल तक राशि वापस कर दी जाएगी। महिला के अकेले रहने का फायदा उठाकर आरोपियों ने उसे पूरी तरह मानसिक दबाव में रखा।
घटना की जानकारी मिलने पर 22 अप्रैल को महिला अपने परिजनों के साथ चौकी स्मृति नगर पहुंची, जहां से मामला थाना सुपेला भेजा गया। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धारा 318 (4) बीएनएस के तहत अपराध क्रमांक 0563/26 दर्ज कर विवेचना शुरु कर दी है।
पुलिस ने की अपील : दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल, वीडियो कॉल या खुद को पुलिस/सरकारी अधिकारी बताने वाले व्यक्तियों से सतर्क रहें। “डिजिटल अरेस्ट” जैसी कोई कानूनी प्रक्रिया नहीं होती। किसी भी प्रकार की संदिग्ध कॉल या ठगी की आशंका होने पर तुरंत पुलिस या साइबर हेल्पलाइन 1930 पर संपर्क करें।
