खुर्सीपार की नौ याचिकाएं खारिज, अवमानना का मामला भी खारिज
लंबे समय तक कब्जे से कानूनी अधिकार नहीं मिलता : हाई कोर्ट
भिलाई : न्यूज़ 36 : भिलाई खुर्सीपार में जीई रोड किनारे भिलाई स्टील प्लांट की जमीन पर दशकों से दुकान और कारोबार संचालित कर रहे कब्जाधारियों को हाई कोर्ट से राहत नहीं मिली है। जस्टिस अमितेंद्र किशोर प्रसाद ने तीन नवंबर को नौ रिट याचिकाओं व एक अवमानना याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि मूल आवंटन की शर्तों में जमीन हस्तांतरित करने, उपकिराये पर देने और साझेदारी बनाने पर रोक थी। ऐसे में मूल आवंटी से जमीन लेने वालों को कोई स्वतंत्र कानूनी अधिकार नहीं मिलता। लंबे समय तक कब्जा, पक्का निर्माण और बिजली बिल या अन्य शुल्कों का भुगतान भी अनधिकृत कब्जे को वैध नहीं बनाता। याचिकाकर्ताओं का तर्क था कि वे वर्ष 1976 के आवंटन और समझौतों के आधार पर कारोबार कर रहे हैं तथा नियमित शुल्क जमा करते रहे हैं। वहीं, सेल ने बताया कि संपदा अधिकारी ने सार्वजनिक परिसर अधिनियम, 1971 के तहत नोटिस और सुनवाई के बाद बेदखली आदेश जारी किए थे। हाई कोर्ट ने कहा कि अवमानना के लिए आदेश की जानबूझकर अवहेलना साबित होना आवश्यक है, जो इसमें नहीं हुई।
