मानसिक रूप से परोसी जा रही हिंसा के प्रति सभी को सतर्क रहने की जरूरत : गांधीवादी विचारक पी.वी. राजगोपाल
भिलाई : न्यूज़ 36 : “हथियारों का उत्पादन करने वाले देश विश्वभर में युद्ध भड़काकर अपने हथियार बेचने की होड़ में लगे हैं, जिससे वैश्विक अशांति और अस्थिरता का माहौल और गहराता जा रहा है।” यह विचार प्रसिद्ध गांधीवादी विचारक एवं सर्वोदय नेता पी.वी. राजगोपाल ने कल्याण स्नातकोत्तर महाविद्यालय में आयोजित एक विशेष संवाद सत्र के दौरान विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए व्यक्त किए। यह वैचारिक सत्र ‘राष्ट्रीय सेवा योजना’ (कल्याण महाविद्यालय) तथा ‘राष्ट्रीय स्वाभिमान आंदोलन’ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया था।
डिजिटल हिंसा और खिलौनों के प्रति सचेत रहने की अपील
आज के दौर में महात्मा गांधी के विचारों और सिद्धांतों को अत्यंत प्रासंगिक बताते हुए पी.वी. राजगोपाल ने कहा कि एक सोची-समझी रणनीति के तहत बच्चों और युवाओं में आक्रामक वृत्तियां उत्पन्न की जा रही हैं। उन्होंने मार-काट व खून-खराबे वाले वीडियो गेम्स, सोशल मीडिया कंटेंट और बंदूक-बुलेट जैसे खिलौनों के माध्यम से मानसिक रूप से परोसी जा रही हिंसा के प्रति सभी को सतर्क रहने की सलाह दी।
स्वामी विवेकानंद के जीवन दर्शन को अपनाने का आह्वान
सत्र में हेमचंद यादव विश्वविद्यालय के संस्थापक कुलपति डॉ. एन.पी. दीक्षित ने विद्यार्थियों को स्वामी विवेकानंद के जीवन दर्शन और संदेशों को गहराई से समझने तथा उन्हें अपने जीवन में उतारने के लिए प्रेरित किया।
शांतिदूतों को बनाएं अपना रोल मॉडल : डॉ. डी.एन. शर्मा
शिक्षाविद डॉ. डी.एन. शर्मा ने अपने संबोधन में ग्वालियर-झांसी क्षेत्र के 598 डकैतों का हृदय परिवर्तन कराकर उन्हें आत्मसमर्पण कराने और शांति के मार्ग पर लाने वाले सर्वोदयी नेता एन. सुब्बाराव तथा पी.वी. राजगोपाल की ऐतिहासिक भूमिका का उल्लेख किया। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि फिल्म स्टारों के बजाय ऐसे शांतिदूतों तथा भूमिहीनों, आदिवासियों व दलितों के अधिकारों के लिए संघर्ष करने वाले सामाजिक नायकों को अपना रोल मॉडल बनाना चाहिए।
सामाजिक उत्थान में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. विनय शर्मा ने कॉलेज की विभिन्न उपलब्धियों की जानकारी साझा करते हुए युवाओं से समाज सेवा और सामाजिक उत्थान के कार्यों में बढ़-चढ़कर आगे आने की अपील की। समारोह का सफल संचालन राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अनिर्बान चौधरी ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन छात्रसंघ प्रभारी डॉ. ईश्वर सिंह बरगाह ने प्रस्तुत किया। इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वाभिमान आंदोलन के प्रदीप दलई, लोकनायक जे.पी. स्मारक प्रतिष्ठान के आर.पी. शर्मा, प्रयोग आश्रम (तिल्दा) के अध्यक्ष सीताराम मांडवी व सचिव प्रशांत, समन्वयक अरुण कुमार, संदीप नंदनवार, मनोज ठाकरे, बालूराम वर्मा, किरण, डॉ. सलीम अकील, डॉ. हरीश कश्यप और डॉ. गुणवंत चंद्रौल सहित 200 से अधिक विद्यार्थी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
