Saturday, October 31, 2026

दूसरे की जमीन को अपना बताकर 24.28 लाख की ठगी, फर्जी रजिस्ट्री का खेल उजागर, 2 गिरफ्तार

जमीन बिक्री और मकान निर्माण के नाम पर ऐंठी रकम, चेक भी हुए बाउंस, कूटरचित दस्तावेजों से दूसरे व्यक्ति के नाम कराई गई रजिस्ट्री

भिलाई : न्यूज़ 36 : दूसरों की जमीन को अपनी बताकर बिक्री का सौदा करने, फर्जी रजिस्ट्री कराने और लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने के मामले में स्मृतिनगर चौकी पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर शिकायतकर्ता से जमीन खरीदने और मकान निर्माण के नाम पर कुल 24 लाख 28 हजार रुपये लेने तथा रकम वापस करने के लिए दिए गए चेक बाउंस होने का आरोप है।

पुलिस के अनुसार, प्रार्थी मोहन लाल देवांगन निवासी एलआईजी 491/492, हाउसिंग बोर्ड कोहका, भिलाई ने 7 अप्रैल 2025 को पुलिस अधीक्षक दुर्ग के समक्ष शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि वर्ष 2016 में मकान निर्माण के लिए जमीन खरीदने के दौरान उसकी मुलाकात आरोपी अवतार सिंह से हुई थी। आरोपी ने अपने साथी के साथ जमीन की खरीदी-बिक्री का व्यवसाय करना बताया और मौजा कोहका स्थित खसरा नंबर 1704/88 में से 1200 वर्गफीट का भूखंड दिखाकर सौदा तय किया। इसके बाद 30 सितंबर 2016 को प्रार्थी के पक्ष में जमीन की रजिस्ट्री भी करा दी गई। प्रार्थी ने अलग-अलग किस्तों में जमीन एवं मकान निर्माण के नाम पर आरोपियों को कुल 23 लाख 28 हजार रुपये दिए।

कुछ समय बाद प्रार्थी को जानकारी मिली कि जिस जमीन पर मकान बनवाया जा रहा था, वह किसी अन्य महिला माया सिंह के नाम पर है। इसके बाद आरोपियों ने 22 सितंबर 2018 को इकरारनामा निष्पादित कर 23 लाख 28 हजार रुपये तथा एक लाख रुपये रजिस्ट्री खर्च सहित कुल 24 लाख 28 हजार रुपये लौटाने का वादा किया। इसके लिए भारतीय स्टेट बैंक, शाखा सुपेला के तीन चेक भी दिए गए, लेकिन खाते में पर्याप्त राशि नहीं होने के कारण तीनों चेक बाउंस हो गए।

शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया कि आरोपियों ने 16 मार्च 2021 को मौजा कोहका स्थित खसरा नंबर 1704/2, रकबा 1200 वर्गफीट भूमि की रजिस्ट्री चिरंजीवन कोनार नामक व्यक्ति को खड़ा कर कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से करा दी।

मामले की जांच के बाद चौकी स्मृतिनगर, थाना सुपेला में अपराध क्रमांक 1635/2026 के तहत धारा 420, 120बी एवं 34 भादवि में अपराध दर्ज किया गया। पुलिस ने आरोपी अवतार सिंह एवं मनोज कुमार सोनी, निवासी भिलाई को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की। अपराध स्वीकार करने पर दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।

पुलिस के अनुसार, प्रकरण में अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका तथा जमीन से संबंधित दस्तावेजों की वैधानिकता को लेकर आगे की विवेचना जारी है।

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