दुर्ग : न्यूज़ 36 : यात्रियों की सुरक्षित यात्रा और ऑटो-ई-रिक्शा संचालन को व्यवस्थित करने के लिए यातायात पुलिस दुर्ग ने नई पहल शुरु की है। इसके तहत जिले में संचालित ऑटो एवं ई-रिक्शा चालकों का रजिस्ट्रेशन कर उन्हें QR कोड जारी किया जाएगा। रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया आगामी 16 अगस्त मे शुरु होगी।
इसी सिलसिले में बुधवार को पुलिस कंट्रोल रूम में करीब 150 ऑटो चालकों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में ऑटो चालकों को QR कोड आधारित रजिस्ट्रेशन व्यवस्था, इसके उद्देश्य और यात्रियों को मिलने वाले फायदे की जानकारी दी गई। इस दौरान QR कोड जारी करने की प्रक्रिया का डेमो भी दिया गया।
QR कोड स्कैन करते ही मिलेगी चालक की जानकारी
नई व्यवस्था के तहत रजिस्ट्रेशन के बाद ऑटो एवं ई-रिक्शा पर QR कोड लगाया जाएगा। यात्री QR कोड के माध्यम से चालक की पहचान और सत्यापन से संबंधित जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। पुलिस का मानना है कि इससे यात्रियों में सुरक्षित यात्रा का भरोसा बढ़ेगा और ऑटो चालकों की पहचान भी व्यवस्थित तरीके से सुनिश्चित हो सकेगी।
ऑटो संचालन के लिए तय होंगे स्थान और रोटेशन
यातायात पुलिस के अनुसार ऑटो एवं ई-रिक्शा संचालन को व्यवस्थित करने के लिए निर्धारित स्थानों पर पार्किंग, रोटेशन व्यवस्था और किराया निर्धारण को लेकर भी व्यवस्था बनाई जाएगी। चालकों को निर्धारित स्थान पर ही वाहन खड़ा करने और तय व्यवस्था का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं।
दस्तावेज अधूरे तो परिवहन विभाग से समन्वय
बैठक में ऑटो चालकों को वाहन के सभी दस्तावेज पूर्ण एवं अद्यतन रखने तथा वैध ड्राइविंग लाइसेंस के बिना वाहन नहीं चलाने की हिदायत दी गई। जिन चालकों के दस्तावेज अधूरे हैं, उनके दस्तावेज परिवहन विभाग से चर्चा कर निर्धारित शासकीय शुल्क में पूर्ण कराने की दिशा में पहल की जाएगी।
PPT और मोबाइल के जरिए समझाई रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया
जनहित फाउंडेशन रायपुर के ऋषभ सोनी ने PPT और मोबाइल के माध्यम से ऑटो चालकों को QR कोड रजिस्ट्रेशन की पूरी प्रक्रिया स्टेप-बाय-स्टेप समझाई। चालकों को मौके पर रजिस्ट्रेशन की व्यावहारिक जानकारी भी दी गई।
यातायात पुलिस दुर्ग का कहना है कि यह पहल यात्रियों की सुरक्षा, ऑटो एवं ई-रिक्शा चालकों के सत्यापन, संचालन में पारदर्शिता और शहर की यातायात व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। पुलिस महानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दुर्ग विजय अग्रवाल के निर्देशानुसार यह व्यवस्था लागू की जा रही है।
