Friday, July 31, 2026

BIT दुर्ग-IIT भिलाई की ऐतिहासिक साझेदारी, नवाचार, स्टार्टअप व रिसर्च को मिलेगी नई उड़ान”

दुर्ग : न्यूज़ 36 : भिलाई इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (बीआईटी), दुर्ग ने नवाचार, उद्यमिता तथा उद्योग-शैक्षणिक सहयोग को नई दिशा प्रदान करने एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए इंडस्ट्री इंस्टीट्यूट पार्टनरशिप सेल (IIPC) के अंतर्गत आईबीआईटीएफ (आईआईटी भिलाई इनोवेशन एंड टेक्नोलॉजी फाउंडेशन ), आईआईटी भिलाई के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए। यह साझेदारी विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं संकाय सदस्यों के लिए अत्याधुनिक तकनीकी ज्ञान, अनुसंधान, नवाचार तथा उद्यमिता के क्षेत्र में व्यापक अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगी। समझौता ज्ञापन पर भिलाई इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, दुर्ग की ओर से संस्थान के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) अनूप मिश्रा ने हस्ताक्षर किए। वहीं आईबीआईटीएफ, आईआईटी भिलाई की ओर से  विष्णु वैभव द्विवेदी, मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी (Chief Technology Officer – CTO) तथा सुश्री प्रतिभा डोंगरे, प्रोजेक्ट इंजीनियर उपस्थित रहीं और उन्होंने इस साझेदारी को भविष्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। इस एमओयू का प्रमुख उद्देश्य दोनों

संस्थानों के बीच तकनीकी सहयोग को मजबूत करना स्टार्टअप इनक्यूबेशन एवं उद्यमिता को प्रोत्साहित करना, उद्योगोन्मुख परियोजनाओं का संचालन, कौशल उन्नयन कार्यक्रमों का आयोजन, संकाय विकास कार्यक्रम (Faculty Development Programmes), विद्यार्थियों के लिए गुणवत्तापूर्ण इंटर्नशिप, संयुक्त अनुसंधान तथा उत्पाद विकास जैसी गतिविधियों को बढ़ावा देना है। यह रणनीतिक सहयोग बीआईटी दुर्ग की उस दीर्घकालिक दृष्टि को भी प्रतिबिंबित करता है, जिसके अंतर्गत संस्थान देश के अग्रणी शैक्षणिक एवं अनुसंधान संस्थानों के साथ सहयोग स्थापित कर विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर की शिक्षा, अनुसंधान तथा नवाचार का वातावरण उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है। आईआईटी भिलाई के साथ हुआ यह समझौता न केवल दोनों संस्थानों के बीच सहयोग को नई मजबूती प्रदान करेगा, बल्कि विद्यार्थियों को स्टार्टअप, अनुसंधान, तकनीकी नवाचार और उद्योगोन्मुख शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर के अवसर उपलब्ध कराने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इस अवसर पर प्राचार्य प्रो. (डॉ.) अनूप मिश्रा ने कहा कि वर्तमान समय में उच्च शिक्षा संस्थानों के लिए केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षण ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि नवाचार, अनुसंधान और उद्यमिता को भी समान महत्व देना आवश्यक है। आईआईटी भिलाई के साथ यह सहयोग विद्यार्थियों को उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरुप व्यावहारिक ज्ञान एवं कौशल प्रदान करेगा तथा उन्हें रोजगार एवं स्वरोजगार दोनों के लिए अधिक सक्षम बनाएगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह साझेदारी भविष्य में अनेक संयुक्त शोध परियोजनाए, स्टार्टअप पहलों तथा तकनीकी नवाचारों का मार्ग प्रशस्त करेगी। इस अवसर पर भिलाई इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (बीआईटी) दुर्ग के सचिव श्री आई. पी. मिश्रा ने संस्थान के प्राचार्य, सभी विभागाध्यक्षों, संकाय सदस्यों तथा विद्यार्थियों को इस महत्वपूर्ण उपलब्धि पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि आईआईटी भिलाई के साथ यह समझौता संस्थान के लिए एक गौरवपूर्ण उपलब्धि है, जो विद्यार्थियों को नवाचार, अनुसंधान, उद्यमिता तथा उद्योगोन्मुख शिक्षा के क्षेत्र में नए अवसर प्रदान करेगा।

इस अवसर पर संस्थान के सभी विभागाध्यक्ष, वरिष्ठ संकाय सदस्य, डॉ. डी. पी. मिश्रा, डॉ. अभिषेक चक्रवर्ती, श्री संतोष कुमार राव, श्रीमती शिखा वर्मा तथा श्री सुनील नायक इंडस्ट्री इंस्टीट्यूट पार्टनरशिप सेल (IIPC) के सदस्य, छात्र स्वयंसेवक तथा विभिन्न विभागों के बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।

 

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