दुर्ग : न्यूज़ 36 : फर्जी बैंक खातों के जरिए ऑनलाइन बैटिंग और अवैध लेन-देन करने वाले गिरोह पर दुर्ग पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 3 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में अब तक कुल 19 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है और करोड़ों रुपये के लेन-देन का खुलासा हुआ है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 31 दिसंबर 2025 को थाना पदमनाभपुर में प्रार्थी अविनाश दुबे ने शिकायत दर्ज कराई थी कि कुछ लोग फर्जी तरीके से बैंक खाते खुलवाकर उनके एटीएम, सिम कार्ड, पासबुक और चेकबुक हासिल कर रहे हैं। इन खातों का इस्तेमाल ऑनलाइन बैटिंग ऐप्स में पैसों के लेन-देन के लिए किया जा रहा था और सामग्री मुंबई भेजी जा रही थी।
मामले में अपराध क्रमांक 566/2025 के तहत धारा 317(4), 319 (2) भारतीय न्याय संहिता और टेलीकम्युनिकेशन एक्ट की धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरु की गई थी। विवेचना के दौरान पुलिस ने पहले ही 16 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। अब सह-प्रमुख आरोपी कुश, रितेश राय और महेंद्र सिंह ठाकुर को भी गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 22 एटीएम कार्ड, 10 चेक बुक, 8 पासबुक, 4 सिम कार्ड, 5 मोबाइल फोन, एक नकली पिस्टल और रजिस्टर जप्त किया है।
जांच में आरोपियों के खातों में करोड़ों रुपये के लेन-देन की जानकारी सामने आई है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी अवैध लाभ कमाने के लिए लोगों के नाम पर फर्जी खाते खुलवाकर उनका दुरुपयोग कर रहे थे। तीनों आरोपियों को न्यायालय में
पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
इस कार्रवाई में थाना पदमनाभपुर पुलिस टीम की सतत्त निगरानी और तकनीकी विश्लेषण की अहम भूमिका रही।
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अपने बैंक खाते, एटीएम और सिम कार्ड किसी भी अन्य व्यक्ति को उपयोग के लिए न दें, क्योंकि इस तरह की गतिविधिया दंडनीय अपराध है।
