भिलाई : न्यूज़ 36 : छत्तीसगढ़ । विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष प्रेमप्रकाश पांडेय ने राज्य के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर नगर पालिक निगम भिलाई द्वारा जारी किए गए निर्यात कर (टर्मिनल टैक्स) नोटिसों पर तत्काल – हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने कहा – कि जीएसटी लागू होने के बाद भी – निगम द्वारा उद्योगों पर कर लगाना गंभीर विषय है और इससे प्रदेश की औद्योगिक छवि को नुकसान पहुंच रहा है।

पांडेय ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री अरूण साव एवं वित्तमंत्री ओपी चौधरी को प्रतिलिपि के माध्यम से इस विषय से अवगत कराया है। पांडेय के पत्र के अनुसार नगर निगम भिलाई ने अपने क्षेत्र में कार्यरत लगभग 50-60 लघु एवं मध्यम उद्योगों को नोटिस जारी कर भारी राशि की मांग की है। यह मांग वर्ष 2017-18 से 2024-25 तक की अवधि के लिए की गई है।

निगम ने इन नोटिसों में छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 173 और मध्यप्रदेश नगर पालिका सीमा से निर्यातित वस्तुओं पर टर्मिनल टैक्स नियम 1996 (नियम 4 और 7) का हवाला दिया है। पांडेय ने स्पष्ट किया कि 1 जुलाई 2017 से देशभर में जीएसटी लागू हो चुका है। निर्यातकर से उद्योगों का उत्पीड़न हो रहा है।
