ओडिशा-झारखंड में कार्रवाई कर दुर्ग पुलिस ने दो आरोपी और एक अपचारी बालक को पकड़ा
भिलाई : न्यूज़ 36 : थाना पुरानी भिलाई क्षेत्र से अपहृत एक बालक को दुर्ग पुलिस ने झारखंड से सकुशल बरामद कर लिया है। मामले की जांच के दौरान साइबर धोखाधड़ी से जुड़े एक गिरोह का भी खुलासा हुआ है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों तथा एक अपचारी बालक को गिरफ्तार किया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 5 मार्च 2026 को थाना पुरानी भिलाई में अपराध क्रमांक 125/2026 के तहत अपहरण का मामला दर्ज किया गया था। बालक की तलाश के लिए विशेष पुलिस टीम गठित कर उसे ओडिशा के झारसुगुड़ा और झारखंड के धनबाद भेजा गया।
जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि कुछ लोग बैंक स्वातों और पासबुक का अवैध उपयोग कर साइबर धोखाधड़ी के जरिए पैसा कमाने का काम कर रहे थे। पूछताछ में सामने आया कि 1 मार्च 2026 को बैंक खाते से जुड़े लेनदेन को लेकर विवाद होने के बाद बालक धनबाद पहुंच गया था, जहां आरोपियों ने उससे पैसों की मांग की थी।
बाद में आरोपियों ने बालक को छोड़ दिया, जिसे पुलिस टीम ने धनबाद से सकुशल बरामद कर लिया। विवेचना के दौरान साइबर धोखाधड़ी के लिए बैंक खातों के उपयोग की पुष्टि होने पर थाना पुरानी भिलाई में अपराध क्रमांक 128/2026 के तहत धारा 318 (4), 62 और 3 (5) बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों में रितेश कुमार शर्मा (36 वर्ष), निवासी झारसुगुड़ा (ओडिशा) और आकाश कुमार रवानी (22 वर्ष), निवासी जिला धनबाद (झारखंड) शामिल हैं। एक अपचारी बालक को भी पुलिस ने पकड़ा है। पुलिस ने प्रकरण में बैंक खातों से संबंधित दस्तावेज और अन्य साध्य जब्त किए है।
दुर्ग पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि अपने बैंक खाते, एटीएम कार्ड या पासबुक किसी अन्य व्यक्ति को उपयोग के लिए न दें। ऐसे मामलों में शामिल पाए जाने पर कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
